दूसरे दिन पंचायत प्रतिनिधियों ने बाल संरक्षण का संकल्प लिया

03 Dec ASHOKA -1रांची, 03 दिसम्बर 2013 – झारखंड पंचायत महिला रिसोर्स सेंटर के तीन दिवसीय प्रषिक्षण के दौरान आज होटल अषोका में पंचायत प्रतिनिधियांे ने बाल संरक्षण का संकल्प लिया। बच्चों के अधिकारों संबंधी प्रषिक्षण के दूसरे दिन उन्हें बाल विवाह, मानव तस्करी, बाल श्रम जैसे विषयों पर कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गयी। महिलाओं एवं बच्चों के अधिकार पर यूनिसेफ एवं सर्ड के सहयोग से पंचायत प्रतिनिधियों के लिए इस प्रषिक्षण का आयोजन किया गया है।

प्रारंभ में झारखंड पंचायत महिला रिसोर्स सेंटर के राज्य समन्वयक डाॅ. विष्णु राजगढि़या ने महिलाआंे एवं बच्चों संबंधी मामलों में पंचायतों की भूमिका पर चर्चा की। यूनिसेफ अधिकारी श्री कुमार प्रेमचन्द ने झारखंड के पंचायत प्रतिनिधियों को बाल एवं महिलाओं से जुड़े किसी एक मामले पर खास पहल की सलाह दी। सर्ड के निदेषक श्री आर०पी०सिंह ने पंचायत प्रतिनिधियों बच्चों और महिलाआंे के अधिकारों के संरक्षण हेतु पंचायत प्रतिनिधियों को विभिन्न सरकारी एवं गैरसरकारी एजेंसियों के साथ मिलकर काम करने का सुझाव दिया।

कार्यक्रम में झारखंड बाल संरक्षण आयोग की सदस्य रंजना कुमारी ने आयोग की भूमिका एवं कार्यों की जानकारी देते हुए पंचायत प्रतिनिधियों को भरोसा दिलाया कि उनके द्वारा लाये गये मामलों पर आयोग द्वारा त्वरित कार्रवाई की जाएगी।

कार्यक्रम में सर्ड के फेकेल्टी श्री दीपंकर श्रीज्ञान, श्रीमती शुभा कुमार, श्रीमती मिनी रानी शर्मा, यूनिसेफ कंसल्टेंट सुबीर कुमार दास शामिल हुए। प्रषिक्षण के तीसरे दिन कल बाल संप्रेक्षण गृह, राज्य महिला आयोग एवं राज्य बाल संरक्षण आयोग के कार्यालय का भ्रमण किया जाएगा।